स्वास से ही ध्या होता है. किसी भी पद्धति से आप ध्यान मार्ग में आईये आखिर में स्वास ही आधार बनती है. ध्यान के लिए स्वास को आधार बनाने के कई कारण हैं. बाहर भीतर के बीच स्वास ही सेतु है. बहुत सारे साधना विधियों में सिखाया जाता है कि आप मंत्र जप के साथ [...]