Archive for May, 2007

एक जीवन बहुत है
May 27, 2007

जीने के लिए एक जीवन बहुत है. मैं जब भी अपने गुरू की ओर देखता हूं तो मुझे यही आभास होता है. वे एक जीवन हैं, एक अनुभूति हैं, एक प्रेरणा हैं और शायद इंसान होने का फर्ज अदा कर दिया है. उनके बारे में जानना हो तो इंटरनेट पर बहुत कुछ उपलब्ध है. मैं उनके बारे में क्या [...]